Tag: antarvasna stories
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: देह की सुगंध, वासना की आग
उस रात, हवेली के पिछले हिस्से से आती रात की रानी की मादक सुगंध ने रोहन के हर रोम को बेचैन कर दिया था। यह सिर्फ़ फूलों की महक नहीं थी, यह पूर्णिमा के देह की वो अनकही, अनजानी सुगंध थी जो हर रात उसे अपनी ओर खींचती थी, एक अदृश्य डोर से बाँधकर। वह…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: वासना की दहकती रातें
रात की खामोशी में जब देह की प्यास जागती है, तब मर्यादाएं अक्सर मोम की तरह पिघल जाती हैं। राधा, अपनी हवेली की “रात की रानी” थी—बाहर से शांत, भीतर से एक ज्वलंत अग्नि। उसके पति अक्सर कारोबार के सिलसिले में बाहर रहते, और राधा की जवानी, उसके बिस्तर की ठंडी चादरों में अकेली ही…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: वासना की अग्नि में जलती रज़िया
जब आधी रात की शीतल बयार हवेली के गलियारों से सरसराती, रज़िया के अंग-अंग में एक अनकही प्यास जाग उठती। गाँव की हवाओं में यह फुसफुसाहट तैरती थी कि रज़िया, जिसे लोग ‘रात की रानी’ कहते थे, की ज़िंदगी में एक गहरा राज़ छिपा है। यह राज़ था उसका विशाल के साथ, रात की गहराइयों…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: देह की वासना, रूह का मिलन
जब रात घनी होती, और चाँद बादलों में छिप जाता, तब मीरा और रोहन की दुनिया शुरू होती। पुराने हवेली के उस सबसे गुप्त कमरे में, जहाँ केवल मंद दीपक की रोशनी पड़ती थी, और खिड़की से आती रात की रानी की मादक सुगंध वातावरण को और भी उत्तेजित कर देती थी। मीरा, अपनी साड़ी…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: वासना की अग्नि में जलती माधवी की हर रात
आधी रात के सन्नाटे में, हवेली के पिछले गलियारे से आती माधवी की पायल की खनक रोहन के दिल में आग लगा देती थी। वह जानता था कि ये आहट सिर्फ़ उसके लिए थी, उस पल के लिए जब सारी दुनिया सो जाती और केवल उनकी वासना जाग उठती। माधवी, अपने नाम के अनुरूप, रात…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: वासना की चाँदनी रात
रात की ठंडी हवा में जब रात की रानी की मादक खुशबू घुलने लगी, राधा का तन-मन विशाल के लिए मचल उठा। गाँव के छोर पर स्थित उनके पुराने हवेली के छत पर, चाँदनी रात की नर्म रोशनी में, राधा इंतज़ार कर रही थी। उसका हृदय धड़कों से भरा था, आँखों में एक अजीब सी…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: जब प्यासी देह ने मर्यादा की हर सीमा लाँघी
देर रात की खामोशी में, चाँद की चाँदी-सी किरणें रेशमी पर्दों से झाँकती हुई, मालती के बिस्तर पर आ टिकीं, ठीक वैसे ही जैसे उसकी देह में उठती प्यास ने उसकी आत्मा पर कब्ज़ा कर लिया था। उसकी आँखें दरवाज़े पर टिकी थीं, धड़कनें बेतहाशा बढ़ रही थीं, हर साँस में एक मीठा इंतज़ार घुला…
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रात की रानी का गुप्त प्रेम प्रसंग: देह का मिलन और आत्मा का समर्पण
आज फिर रात की रानी की मदहोश कर देने वाली खुशबू ने रश्मि के तन-मन में एक अजीब सी हलचल पैदा कर दी थी। जैसे-जैसे सूरज ढल रहा था, उसके दिल की धड़कनें तेज होती जा रही थीं, क्योंकि वह जानती थी कि आज रात मोहित फिर से उसकी दुनिया को अपने प्रेम से भर…
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देवर की तपती साँसें, भाभी की दहकती जवानी: रात का रहस्य
गर्मी की तपती दोपहर थी। घर में सन्नाटा पसरा था, सिवाय छत के पंखे की धीमी चर्र-मर्र के। मीरा भाभी, हल्के सूती कपड़े में, खिड़की से बाहर देखते हुए गहरी साँस ले रही थी। उनकी साड़ी का पल्लू बार-बार कंधे से सरक कर उनके भरे हुए वक्षों को बेनकाब कर रहा था। पति शहर से…